12 जुलाई, 2013

बरेली पुलिस का डॉग स्क्वायड बिना डॉग का

बरेली पुलिस का डॉग स्क्वायड बस नाम का ही है, क्योंकि स्क्वायड तो है पर डॉग (कुत्ता) नहीं है। स्क्वॉयड के डॉग की मौत के करीब एक महीने गुजर चुके हैं, लेकिन अभी तक नए डॉग की व्यवस्था नहीं हो पाई है। 

बरेली पुलिस के डॉग स्क्वॉयड के इकलौते डॉग ब्रूटो की करीब एक महीने पहले बीमारी से मौत हो गई थी। करीब तीन साल से ब्रूटो बरेली पुलिस को अपनी सेवाएं दे रहा था। बरेली पुलिस ने ब्रूटो की मदद से कई मामले सुलझाए थे।

शहरवासियों का कहना है कि आए दिन चोरी, लूट, अपहरण जैसी घटनाएं हो रही हैं। साथ ही सावन और रमजान का महीना भी शुरू हो गया है ऐसे में डॉग स्क्वॉयड का खाली होना महंगा पड़ सकता है।

पुलिस के डॉग स्क्वॉयड का डॉग अपराधियों को पड़कवाने और अपराध को सुलझाने में बहुत मदद करता है। इसे प्रशिक्षण के बाद स्क्वॉयड में शमिल किया जाता है। जर्मन शेफर्ड, डाबरमैन और डलमेशनस सहित कुछ अन्य प्रजाति के कुत्ते को इसमें रखा जाता है।

डॉग स्क्वॉयड के प्रभारी कपिल देव का कहना है कि वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से नए डॉग के लिए व्यवस्था करने का आग्रह किया गया है। उम्मीद है कि जल्द सारी जरूरी प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद नया डॉग मिल जाएगा।

पर्दाफाश 

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